यूजेवीएनएल ने कोविड व अन्य आपदाओं के लिए राज्य सरकार को दिए 5.75 करोड़

उत्तराखंड राजकाज
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– यूपीसीएल ने भी आपदाओं से निपटने के लिए सरकार को दिए 1.89 करोड़, दोनों निगमों ने दिए कुल 7.74 करोड़ रुपये

देहरादून। ऊर्जा निगमों ने मुख्यमंत्री कार्यालय में आज उत्तराखंड सरकार को सामाजिक दायित्वों के निर्वहन के रूप में 7,6,491,752 रुपए का चेक भेंट किया।

आज  ऊर्जा सचिव राधिका झा के नेतृत्व में प्रभारी सचिव एवं प्रबंध निदेशक उत्तराखंड पावर कारपोरेशन लिमिटेड (यूपीसीएल) नीरज खैरवाल और उत्तराखंड जल विद्युत निगम (यूजेवीएन) लिमिटेड के प्रबंध निदेशक संदीप सिंघल ने मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत को सामाजिक दायित्व निर्वहन (Corporate Social Response) योजना के अंतर्गत राज्य में कोविड एवं अन्य प्राकृतिक आपदाओं से लड़ने के लिये 7,64,91,752 (सात करोड़ चौंसठ लाख इक्यानवे हजार सात सौ बावन) रुपये के चेक राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के नाम से भेंट किए गए।

इसकी जानकारी देते हुए सचिव ऊर्जा राधिका झा ने बताया कि उक्त धनराशि में 5,75,18,291 का चेक यूजेवीएन लिमिटेड द्वारा दिया गया है, जो कि अब तक राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण को किसी भी निगम द्वारा दी गई सर्वाधिक धनराशि है। उन्होंने बताया कि इसी क्रम में रुपए 1,89,73,461 का चेक यूपीसीएल द्वारा दिया गया है। उक्त धनराशि राज्य को आपदाओं से बेहतर तरीके से निबटने में मददगार होगी।

राधिका झा ने बताया कि इससे पूर्व भी यूजेवीएन लिमिटेड द्वारा फरवरी माह में वित्तीय वर्ष 2019-20 में अर्जित लाभ के अनुरूप राज्य सरकार को रुपए 40.01 करोड़ का लाभांश दिया गया था, जो कि अभी तक का सरकार को दिया गया सर्वाधिक लाभांश है।

इस संबंध में जानकारी देते हुए यूजेवीएन लिमिटेड के प्रबंध निदेशक संदीप सिंघल ने बताया कि वित्तीय वर्ष 2019-20 में यूजेवीएन लिमिटेड द्वारा निर्धारित लक्ष्य 4822 मिलियन यूनिट के सापेक्ष 5088.88 मिलियन यूनिट विद्युत उत्पादन किया गया था। यह पर्यावरणीय प्रवाह (E-flow) को समाहित करते हुए अभी तक का निगम का सबसे उच्चतम विद्युत उत्पादन रहा है। साथ ही संपूर्ण कोविडकाल में भी निगम के समस्त विद्युत गृहों की मशीनें चौबीसों घंटे उत्पादन के लिए तैयार रखी गई थी।

प्रभारी सचिव एवं प्रबंध निदेशक यूपीसीएल नीरज खैरवाल ने बताया कि निगम अपने समस्त उपलब्ध संसाधनों के उपयोग से राज्य भर में विद्युत आपूर्ति की व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के लिए दृढ़ संकल्पित है, जिससे कोविड के इस दौर में आवश्यक सेवाओं एवं आम जन को कोई परेशानी न उठानी पड़े।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत ने सामाजिक हित में निगमों द्वारा किए जा रहे प्रयासों की प्रशंसा करते हुए कहा कि ऊर्जा कार्मिकों द्वारा अपनी मेहनत से न केवल प्रदेश की ऊर्जा आवश्यकताओं की पूर्ति की जा रही है, बल्कि उनके  द्वारा समाज के प्रति अपने कर्तव्यों का भी बखूबी निर्वहन किया जा रहा है।

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